ओम ग्रुप आफ कॉलेज में इन्नोवेटिव एडवांसमेंट इन ड्रग्स डिस्कवरी डिजाइन और डेवलपमेंट प्रोसेसर पर एकदिवसीय अंतरराष्ट्रीय सेमिनार का आयोजन
ओम ग्रुप आफ कॉलेज में इन्नोवेटिव एडवांसमेंट इन ड्रग्स डिस्कवरी डिजाइन और डेवलपमेंट प्रोसेसर पर एकदिवसीय अंतरराष्ट्रीय सेमिनार का आयोजन
रूड़की। ओम ग्रुप आफ कॉलेज में कार्यक्रम का शुभारंभ संस्थान के संस्थापक श्री मुनीश कुमार सैनी, संस्था प्रतिनिधि नेहा अग्रवाल, संस्था निदेशक डॉक्टर तृप्ति , फार्मेसी विभाग के प्राचार्य डॉक्टर मोहित कुमार गुप्ता, शोभित विश्वविद्यालय सहारनपुर उत्तर प्रदेश के कुलपति डॉक्टर रंजीत सिंह, गुरुकुल कांगड़ी हरिद्वार उत्तराखंड के कुलपति डॉक्टर सुशील कुमार व आई0एफ0टी0एम0 विश्वविद्यालय मुरादाबाद उत्तर प्रदेश के प्रो0 कुलपति डॉक्टर नवनीत वर्मा द्वारा मां सरस्वती के सम्मुख दीप प्रज्वलित व पुष्प अर्पित कर किया गया। इस अवसर पर संस्था के संस्थापक श्री
मुनीश कुमार सैनी ने भारत मां के जयकारे के साथ सभी अतिथियों का स्वागत किया।
और किस प्रकार महाविद्यालय छह विद्यार्थियों से आरंभ होकर आज वर्तमान में महाविद्यालय के विभिन्न संकायों में हजारों छात्रों से अधिक संख्या में अध्ययनरत है । और इसके साथ ही आगामी वर्ष महाविद्यालय अपनी गुणवत्ता के साथ श्री ओम विश्वविद्यालय में परिवर्तित होने जा रहा है। व साथ ही जीवन में गुरु के महत्व पर प्रकाश डालते हुए बताया कि किस प्रकार एक गुरु जीवन भर कुछ ना कुछ सीख देता रहता है
वह अपना संपूर्ण जीवन विद्यार्थियों के भविष्य को सुधारने में लगा रहता है। संस्थापक महोदय द्वारा अपने जीवन के शैक्षिक फलों के अनुभव को छात्रों के साथ साझा किया। कि किस प्रकार पेड़ पर फल अधिक आने पर वह झुक जाता है। इस प्रकार एक अध्यापक भी अपने गुणों व सादगी से हमेशा छात्र-छात्राओं के कल्याण के लिए तत् पर रहता है ।
वहीं महाविद्यालय से आए अतिथि विश्वविद्यालय के कुलपति डॉक्टर रंजीत सिंह ने अपने अनुभव छात्रों के साथ साझा करते हुए कहा महाविद्यालय के अनुशासन व प्रतिभागी विद्यार्थियों का हौसला बढ़ाया की किस प्रकार जीवन में छोटी-छोटी उपलब्धियां अहम योगदान देती है। वहीं गुरुकुल कांगड़ी हरिद्वार के कुल सचिव डॉक्टर सुशील कुमार द्वारा जीवन में शोध के महत्व को बताते हुए कहा कि शोध ही जीवन का सार है। इसलिए विद्यार्थियों को अपने जीवन में शोध को महत्व देना
चाहिए ताकि मनुष्य का जीवन उत्तम से और उत्तम बने। अंत में संस्था संस्थापक मुनीश कुमार सैनी द्वारा गीतों को स्मृति चिन्ह भेंट कर हार्दिक आभार व्यक्त किया ।
इस दौरान श्रीमती नेहा अग्रवाल, डॉ तृप्ति, डॉ सुधीर लॉड, डॉ सुशील चौधरी, डॉ विनीत आर्य, डॉक्टर सरिता आर्य, डॉक्टर प्रतिभा कमलकांत त्यागी, आयुषी चौहान, मीनल ठाकुर, सुनैना राजपूत आदि मौजूद रहे।